Breaking News

प्रधानमंत्री ने सुभाषित साझा कर दिया शक्ति, संकल्प और धरती के सम्मान का संदेश |


देश 10 February 2026
post

प्रधानमंत्री ने सुभाषित साझा कर दिया शक्ति, संकल्प और धरती के सम्मान का संदेश |

नई दिल्ली, 10 फ़रवरी । प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने संस्कृत में सुभाषित साझा कर शक्ति, संकल्प, तेज और समृद्धि की कामना का संदेश दिया। उन्होंने धरती माता के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कृषि, कल्याण और पोषण को जीवन का आधार बताया।

प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर सुभाषित साझा करते हुए लिखा:

अस्मे वोऽअस्त्विन्द्रियमस्मे नृम्णमुत क्रतुरस्मे वर्चांसि सन्तु वः।

नमो मात्रे पृथिव्यै नमो मात्रै पृथिव्याऽ इयन्ते राड् यन्तासि यमनो ध्रुवोसि धरुणः कृष्यै त्वा क्षेमाय त्वा रय्यै त्वा पोषाय त्वा॥

(अर्थः मनुष्य के जीवन में शक्ति, साहस, पुरुषार्थ और दृढ़ संकल्प होना चाहिए। व्यक्ति में तेज और आत्मबल बना रहे। मानव की प्रगति धरती के सम्मान, संरक्षण और प्रकृति के संतुलन से जुड़ी है और इसी से समाज का समग्र कल्याण संभव है। धरती माता के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कृषि, कल्याण, समृद्धि और पोषण की प्रार्थना की गई है।)

इस सुभाषित से प्रधानमंत्री ने सामर्थ्य, पुरुषार्थ और दृढ़ संकल्प की कामना की है।

You might also like!


RAIPUR WEATHER