Breaking News

धनिया पंजीरी न केवल स्वादिष्ट होती है बल्कि इसे पारंपरिक रूप से पौष्टिक प्रसाद भी माना जाता है।


सेहत/स्वाद 04 September 2026
post

धनिया पंजीरी न केवल स्वादिष्ट होती है बल्कि इसे पारंपरिक रूप से पौष्टिक प्रसाद भी माना जाता है।

जन्माष्टमी का त्योहार भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के रूप में देशभर में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस दिन कान्हा को उनके प्रिय भोग अर्पित किए जाते हैं। माखन-मिश्री, पंचामृत, फल और मिठाइयों के साथ धनिया पंजीरी का विशेष महत्व माना जाता है। कई घरों में जन्माष्टमी की पूजा के बाद भगवान श्रीकृष्ण को धनिया पंजीरी का भोग लगाया जाता है और फिर इसे प्रसाद के रूप में ग्रहण किया जाता है

धनिया पंजीरी न केवल स्वादिष्ट होती है बल्कि इसे पारंपरिक रूप से पौष्टिक प्रसाद भी माना जाता है। हालांकि कई बार घर पर बनाई गई पंजीरी का स्वाद बाजार जैसी खास मिठास और खुशबू वाला नहीं आ पाता। ऐसे में अगर इसमें कुछ खास चीजों को सही मात्रा में मिला दिया जाए तो इसका स्वाद कई गुना बढ़ सकता है। धनिया पंजीरी में डालें ये 5 खास चीजें धनिया पंजीरी का स्वाद बढ़ाने के लिए कुछ पारंपरिक सामग्री का इस्तेमाल किया जाता है। ये चीजें पंजीरी को खुशबूदार, स्वादिष्ट और पौष्टिक बनाने में मदद करती हैं।

1. मखाने धनिया पंजीरी में मखाने डालने से इसका स्वाद और टेक्सचर दोनों बेहतर हो जाते हैं। मखानों को हल्का भूनकर और पीसकर पंजीरी में मिलाया जाता है। इससे प्रसाद में हल्की कुरकुराहट और खास स्वाद आता है। मखाने को भगवान श्रीकृष्ण के भोग में भी शुभ माना जाता है। यह पंजीरी को ज्यादा पौष्टिक भी बनाता है।

2. देसी घी धनिया पंजीरी का असली स्वाद देसी घी से ही आता है। घी की खुशबू पंजीरी को स्वादिष्ट बनाने के साथ-साथ इसे मुलायम टेक्सचर देती है।

धनिया पाउडर को हमेशा हल्के हाथ से देसी घी में भूनना चाहिए। इससे धनिया की कच्ची महक खत्म हो जाती है और इसमें एक अलग खुशबू आने लगती है।

3. सूखे मेवे काजू, बादाम, किशमिश और पिस्ता जैसी चीजें धनिया पंजीरी का स्वाद बढ़ाने के लिए बेहतरीन विकल्प हैं। सूखे मेवों को छोटे टुकड़ों में काटकर या हल्का भूनकर पंजीरी में मिलाया जा सकता है। सूखे मेवे पंजीरी को रॉयल स्वाद देते हैं और इसे ज्यादा पौष्टिक भी बनाते हैं।

4. मिश्री या बूराजन्माष्टमी के भोग में मिठास का विशेष महत्व होता है। धनिया पंजीरी में चीनी की जगह मिश्री या बूरा डालने से इसका स्वाद ज्यादा पारंपरिक और बेहतर हो जाता है। मिश्री की मिठास पंजीरी में एक अलग स्वाद लाती है और इसे भगवान श्रीकृष्ण के भोग के लिए भी उपयुक्त माना जाता है।

5. नारियल का बुरादा सूखा नारियल या नारियल का बुरादा धनिया पंजीरी के स्वाद को और खास बना देता है। इससे पंजीरी में हल्की मिठास और खुशबू आती है। नारियल को हल्का भूनकर डालने से इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है। धनिया पंजीरी बनाने का आसान तरीका धनिया पंजीरी बनाने के लिए सबसे पहले साबुत धनिया लें और उसे अच्छी तरह साफ कर लें।

इसके बाद धनिया को हल्का भूनकर पीस लें। अब कड़ाही में थोड़ा देसी घी गर्म करें और उसमें धनिया पाउडर डालकर धीमी आंच पर भूनें। जब खुशबू आने लगे तो इसमें पिसी हुई मिश्री या बूरा मिलाएं। इसके बाद भुने हुए मखाने, कटे हुए मेवे और नारियल का बुरादा डालकर सभी चीजों को अच्छी तरह मिला लें। कुछ देर ठंडा होने के बाद आपकी स्वादिष्ट धनिया पंजीरी तैयार हो जाएगी।

पंजीरी बनाते समय रखें इन बातों का ध्यान धनिया पंजीरी का स्वाद अच्छा बनाने के लिए कुछ छोटी बातों का ध्यान रखना जरूरी है।

* धनिया को ज्यादा तेज आंच पर न भूनें, वरना स्वाद खराब हो सकता है। * हमेशा ताजा और अच्छी गुणवत्ता वाला धनिया इस्तेमाल करें। * घी की मात्रा संतुलित रखें ताकि पंजीरी ज्यादा चिकनी न हो जाए। * मेवों को हल्का भूनने से स्वाद बेहतर आता है। * पंजीरी को हमेशा एयर टाइट डिब्बे में रखें ताकि इसकी खुशबू बनी रहे। जन्माष्टमी पर धनिया पंजीरी का महत्व धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान श्रीकृष्ण को धनिया पंजीरी का भोग प्रिय माना जाता है। कई जगहों पर जन्माष्टमी की रात भगवान कृष्ण के जन्म के बाद उन्हें धनिया पंजीरी का प्रसाद चढ़ाया जाता है। भक्तों का विश्वास है कि श्रद्धा और प्रेम से तैयार किया गया भोग भगवान को प्रसन्न करता है। इसलिए जन्माष्टमी के मौके पर घरों में विशेष रूप से पंजीरी तैयार की जाती है। स्वास्थ्य के लिए भी फायदेमंद धनिया, मखाने और सूखे मेवों से बनी पंजीरी स्वाद के साथ-साथ ऊर्जा देने वाली भी होती है। इसमें मौजूद पोषक तत्व शरीर को ताकत देने में मदद करते हैं। हालांकि इसे प्रसाद के रूप में सीमित मात्रा में ही खाना बेहतर होता है, क्योंकि इसमें घी और मिठास की मात्रा होती है।

You might also like!


RAIPUR WEATHER