बलरामपुर, 03 सितंबर । बलरामपुर जिले के रामानुजगंज नगर की सड़कों पर नाबालिग बाइक राइडर्स की तेज रफ्तार और मॉडिफाइड साइलेंसर वाली बुलेट लोगों के लिए परेशानी का कारण बनती जा रही है। व्यस्त सड़कों पर फर्राटे भरती बाइक और साइलेंसर से निकलने वाली तेज धमाके जैसी आवाज से राहगीरों के साथ बुजुर्ग और हृदय रोगी भी परेशान हैं। पहले कार्रवाई के बावजूद कुछ समय बाद स्थिति दोबारा वही हो गई है।
शहर के कई प्रमुख मार्गों पर नाबालिग चालक बिना किसी डर के तेज रफ्तार में बाइक चलाते नजर आते हैं। कुछ युवक बुलेट में कंपनी के साइलेंसर की जगह मॉडिफाइड साइलेंसर लगाकर चलते हैं। इनसे निकलने वाली अचानक तेज आवाज कई बार पटाखे जैसी लगती है। सड़क किनारे रहने वाले लोगों और बुजुर्गों के लिए यह लगातार परेशानी का कारण बनी हुई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस समय-समय पर ऐसे वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई करती है। कुछ दिन तक इसका असर भी दिखाई देता है, लेकिन अभियान कमजोर पड़ते ही नाबालिग राइडर्स दोबारा सड़कों पर नजर आने लगते हैं।
इससे पहले भी खबर सामने आने के बाद तत्कालीन रामानुजगंज थाना प्रभारी ने एसपी वैभव बैंकर के निर्देशन में कार्रवाई की थी। पुलिस ने नाबालिग वाहन चालकों के खिलाफ चालानी कार्रवाई करने के साथ मॉडिफाइड साइलेंसर भी जब्त किए थे। हालांकि कुछ समय बाद फिर से नगर में इसी तरह की गतिविधियां दिखाई देने लगी हैं।
लोगों का कहना है कि केवल कुछ दिनों की कार्रवाई से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। तेज रफ्तार और मॉडिफाइड साइलेंसर के खिलाफ लगातार अभियान चलाने की जरूरत है। खासकर नाबालिगों के वाहन चलाने पर उनके अभिभावकों की जिम्मेदारी तय करने की मांग भी उठ रही है।
लोगों का कहना है कि शहर की व्यस्त सड़कों पर तेज रफ्तार बाइक कभी भी गंभीर हादसे का कारण बन सकती है। वहीं अचानक होने वाली तेज आवाज से बुजुर्गों और हृदय संबंधी परेशानी वाले लोगों को परेशानी होती है।
रामानुजगंज थाना प्रभारी जितेंद्र सोनी ने आज बताया कि ऐसे वाहन चालकों के खिलाफ जल्द ही मोटर व्हीकल एक्ट के तहत चालानी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि नाबालिगों के वाहन चलाने के मामले में उनके पिता या अभिभावकों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
थाना प्रभारी के मुताबिक, शहर के अलग-अलग चौक-चौराहों पर वाहन जांच अभियान चलाकर नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। अब देखना होगा कि पुलिस की यह कार्रवाई कितनी प्रभावी साबित होती है और मॉडिफाइड साइलेंसर व तेज रफ्तार पर लगाम कितनी जल्दी लगती है।







