Breaking News

मुंबई : ईस्ट इंडियन कम्युनिटी की विरासत को समर्पित नया सांस्कृतिक केंद्र 17 मई को होगा शुरू


शहर 07 May 2026
post

मुंबई : ईस्ट इंडियन कम्युनिटी की विरासत को समर्पित नया सांस्कृतिक केंद्र 17 मई को होगा शुरू

मुंबई महाराष्ट्र 07 मई: मुंबई में ईस्ट इंडियन कम्युनिटी के इतिहास, परंपराओं और सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित करने के लिए एक नया सांस्कृतिक स्थल 17 मई को जुहू में शुरू किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य समुदाय की समृद्ध विरासत को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना और उसे संरक्षित करना है। इस नए केंद्र का उद्घाटन ईस्ट इंडियन डे के अवसर पर किया जाएगा, जो हर वर्ष मई के तीसरे रविवार को मनाया जाता है। इस मौके पर “ईस्ट इंडियन भवन” को जनता के लिए खोला जाएगा, जिसमें काका बैप्टिस्टा ईस्ट इंडियन म्यूजियम भी स्थापित किया गया है।

यह म्यूजियम स्वतंत्रता सेनानी जोसेफ ‘काका’ बैप्टिस्टा के नाम पर रखा गया है, जिन्होंने देश के स्वतंत्रता आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। म्यूजियम में ईस्ट इंडियन समुदाय की सामाजिक, धार्मिक, खानपान, व्यवसायिक और पारंपरिक परिधान संबंधी विरासत को दर्शाने वाले 200 से अधिक दुर्लभ और ऐतिहासिक आर्टिफैक्ट्स प्रदर्शित किए जाएंगे। इन प्रदर्शनों में समुदाय के जीवन से जुड़े कई ऐतिहासिक वस्तुएं, दस्तावेज और सांस्कृतिक प्रतीक शामिल हैं, जो उनके लंबे इतिहास और योगदान को दर्शाते हैं। शुरुआती चरण में कुछ महत्वपूर्ण आर्टिफैक्ट्स को मनोरी स्थित एक पुराने संग्रहालय से यहां स्थानांतरित किया जा रहा है, जहां समुदाय के सहयोग से वर्षों से यह संग्रह तैयार किया गया था।

इस सांस्कृतिक केंद्र को ईस्ट इंडियन समुदाय की पहचान और उनकी विरासत को संरक्षित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। समुदाय के प्रतिनिधियों का कहना है कि यह म्यूजियम न केवल उनके इतिहास को प्रदर्शित करेगा, बल्कि युवाओं को अपनी जड़ों से जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। स्थानीय स्तर पर इस पहल को लेकर उत्साह देखा जा रहा है। समुदाय के लोग मानते हैं कि बदलते समय में उनकी परंपराओं और सांस्कृतिक पहचान को संरक्षित करने के लिए इस तरह के संस्थान बेहद जरूरी हैं। मुंबई जैसे महानगर में इस प्रकार का सांस्कृतिक केंद्र स्थापित होना न केवल ईस्ट इंडियन समुदाय के लिए गर्व की बात है, बल्कि यह शहर की विविध सांस्कृतिक विरासत को भी और मजबूत बनाता है। आने वाले समय में इस म्यूजियम के माध्यम से शोधकर्ताओं, पर्यटकों और युवाओं को समुदाय के इतिहास को समझने का एक महत्वपूर्ण अवसर मिलेगा।

You might also like!


RAIPUR WEATHER